भाटापारा। 4 नए जिले बनाए जाने के बाद भाटापारा की पुनः उपेक्षा से आहत लोगों में बेहद नाराजगी है नगर सहित क्षेत्र के सभी वर्गों सभी समाज के लोगों और व्यापारी भाइयों में भी इसको लेकर काफी रोष व्याप्त है इसी क्रम में नगर के कुर्मी समाज के लोगों ने भाटापारा को पृथक व स्वतंत्र जिला बनाए जाने की मांग का पुरजोर समर्थन किया है इस संदर्भ में समाज के मीडिया प्रभारी सेवाराम वर्मा ने कहा है कि भाटापारा सिमगा नानघाट तथा सुहेला तहसील को मिलाकर भाटापारा को नया स्वतंत्र जिला बनाया जा सकता है इस मांग का पूरा समर्थन छत्तीसगढ़ मनवा कुर्मी क्षत्रिय समाज नगर इकाई के द्वारा किया गया है।। नगर इकाई के संरक्षक व मिडिया प्रभारी सेवा राम वर्मा ने बताया कि नया जिला भाटापारा की अनुमानित जनसंख्या लगभग 5 लाख होगी इसमें ४७शहरी वार्ड्स २५०केआसपास ग्राम पंचायतें आयेगी।नये जिले का क्षेत्रफल २२८१वर्ग किलो मीटर होगी। भाटापारा जिला मुख्यालय मुम्बई-हावडा मुख्य रेल्वे लाईन पर स्थित है। यहां छ, ग,की बड़ी मंडियों में से एक कृषि उपज मंडी है। भाटापारा जिला मुख्यालय से करहीबाजार३२ किलो मीटर पूर्व में, सिमगा ३५ किलो मीटर दूर पश्चिम में, उत्तर में निपनिया के तरफ गुडाघाट २५ किलो मीटर,व मारो की तरफ संबलपुर ३२किलो मीटर है। भाटापारा शहर में अपर सत्र अतिरिक्त जिला न्यायालय सहित स्नातकोत्तर महाविद्यालय, कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र,विधि महाविद्यालय, पालिटेक्निक कालेज,बी,एड, कालेज प्राइवेट,आई,टी,आई सहित डेढ़ दर्जन बैंकों की शाखाएं हैं।
अतः समाज की मांग है कि मुख्यमंत्री राज्य स्थापना दिवस १नवम्बर२०२१ को भाटापारा को नया जिला बनाने की घोषणा अवश्य ही करें।
विदित हो कि सूत्रों से पता चला है कि चुनाव पूर्व क्षेत्राधिकारी, पार्टी नेताओं ने आश्वासन दिए थे कि छत्तीसगढ़ में २८ वां जिला भाटापारा बनेगा परन्तु खेद का विषय है कि अभी तक ३२जिलो में भी भाटापारा का नाम नहीं है।
मांग करने वालोें में मुख्य है एस, आर, वर्मा, लेख राम वर्मा, रमेश कुमार वर्मा, राधेश्याम वर्मा, डॉ डी,पी, वर्मा ,लखन कश्यप, हृदयेश करसायल, दीपक टिकरिहा, के के वर्मा आदि है
पृथक भाटापारा जिले की मांग के समर्थन में कुर्मी समाज भी आगे आया
