भाटापारा। छत्तीसगढ़ शासन के निगम मंडल के सदस्य एवं प्रदेश कांग्रेस के प्रतिनिधि सतीश अग्रवाल ने जिला निर्माण के संदर्भ में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा है कि कांग्रेस शासनकाल में भाटापारा को स्वतंत्र जिला अवश्य बनाया जाएगा। इस मामले को लेकर शीघ्र ही कांग्रेस जनों का एक दल मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से मुलाकात करेगा। उस मुलाकात में वे सारी बातें मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को अवगत कराई जाएंगी जो भाटापारा को पृथक रूप से स्वतंत्र जिला बनने के लिए होगी। उन्होंने कहा कि सन 2012 में भारतीय जनता पार्टी की सरकार के समय भाटापारा को स्वतंत्र जिला नहीं बनाया गया और केवल नाम जोड़कर जिले की औपचारिकता को पूरा किया गया था, जो भाटापारा की जनता के साथ एक धोखा है। एक भी जिला कार्यालय भाटापारा में भारतीय जनता पार्टी की सरकार के समय नहीं लाया गया, इससे क्षुब्ध होकर भाटापारा की जनता ने स्वतंत्र जिला निर्माण समिति के बैनर तले लंबा आंदोलन किया था। बावजूद उसके तत्कालीन भारतीय जनता पार्टी की सरकार में जूं तक नहीं रेंगी थी, किंतु अब प्रदेश में कांग्रेस की सरकार है और भाटापारा क्षेत्र के सभी कांग्रेसी जनों को यह पूरा विश्वास है कि आने वाले समय में कांग्रेसी सरकार भाटापारा को पृथक रूप से जिला जरूर बनाएगी।इस मामले में भाटापारा, सिमगा, सोहेला और नांदघाट तहसील को जोड़कर जिला बनाने की मांग मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से की गई है। सतीश अग्रवाल ने आगे कहा है कि स्वतंत्रता दिवस के दिन भाजपा के द्वारा जो दिखावटी प्रदर्शन व पुतला दहन किया गया वह अशोभनीय कृत्य है । अग्रवाल ने भारतीय जनता पार्टी के नेताओं से पूछा है कि 15 साल सत्ता में रहने के बाद भाटापारा को पृथक रूप से स्वतंत्र जिला भाजपा ने नहीं बनाया और ना ही यहां एक भी शासकीय कार्यालय जिला स्तर का लाया। उन्होंने सीधा सवाल पूछा है कि जब 2017,2018 में जिला निर्माण संघर्ष समिति के बैनर तले भाटापारा को पृथक जिला बनाने आंदोलन किया गया था तब भारतीय जनता पार्टी के लोग कहां थे और क्यों इस धरना प्रदर्शन आंदोलन में शामिल नहीं हुए थे। अंत में उन्होंने कहा है कि भूपेश है तो भरोसा है, प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आगामी समय में भाटापारा को पृथक स्वतंत्र जिला जरूर बनाएंगे और भाटापारा के क्षेत्र की जनता की मांग जरूर पूरी करेंगे।
भूपेश है तो भरोसा है, मुख्यमंत्री भाटापारा को पृथक स्वतंत्र जिला जरूर बनाएंगे- भाजपा का प्रदर्शन अशोभनीय कृत्य: सतीश
