रायपुर/ छत्तीसगढ़ में गरमाई राजनीति को नरम करने कांग्रेस की जोर आजमाइश जारी है। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री निवास में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने एक बार फिर कैबिनेट की बैठक बुलायी। इस बैठक में मंत्री सिंहदेव शामिल नहीं हुए। इससे साफ जाहिर है कि बृहस्पत सिंह के साथ हुए विवाद में सिंहदेव की तल्खी बरकरार है।
इस पुरे मामले में एआईसीसी ने हस्तक्षेप करते हुए प्रभारी पुनिया को निर्देशित किया। उसके बाद पीएल पुनिया ने बृहस्पत सिंह द्वारा लगाए गए आरोप पर कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। नोटिस जारी करते हुए पुनिया ने कहा कि बृहस्पत सिंह कारण बताओ नोटिस का जवाब दें। यदि जवाब संतुष्टि पूर्ण नहीं होता है तो उन पर अनुशासनहीनता की कार्रवाई निश्चित है। आपको बता दें कि बुधवार को विधानसभा में सरकार की ओर से इस मामले में पक्ष रखा जाएगा। इससे ठीक पहले विधायक पर शो-कास नोटिस जारी किया गया है ताकि विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे सवाल को शांत किया जा सके। वहीं माना जा रहा है कि यह नोटिस टीएस सिंहदेव की नाराजगी को भी कम करने कोशिश हो सकती है।
आपको बता दें कि विधानसभा में मुख्यमंत्री की बैठक में सिंहदेव और बृहस्पत मामले पर निराकरण नहीं हो पाया। जिसके बाद सिंह देव ने कहा था कि उन्होंने बैठक के बाद सुलह के मुद्दे पर दो टूक कह दिया कि, ये भविष्य के गर्भ में है। वहीं सदन में कल शामिल होने के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि परिस्थिति जैसी रहेगी, उसके हिसाब से वो निर्णय लेंगे।
