
रायपुर। महाकोशल कला परिषद, रायपुर द्वारा नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती पर गोधूलि बेला में संध्या 6:00 बजे मुख्य अतिथि श्री सुमनेष वत्स एवं अरूण अग्रवाल के व्दारा महाकोशल कला वीथिका में उद्घाटन किया गया.
अतिथियों ने प्रदर्शनी के अवलोकन के पश्चात कहा कि देश के कलाकारों ने नेताजी सुभाष की जयंती पर आज अपने कैनवास पर आजादी के रंग करें और नेताजी सुभाष के जीवन चरित्र को जीवंत प्रस्तुति से हम सब को मोहित कर दिया है.
विषय जो प्रदर्शनी में जीवंत हुए-
इस राष्ट्रीय कला प्रदर्शनी में नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के जीवन चरित्र को रेखांकित करती रचनाएँ प्रदर्शित की जा रहीं हैं. गांधी जी और नेताजी का संवाद,आजाद हिंद फौज को संबोधित करते नेताजी का चित्र,हिंदुस्तान के तीन रत्न शीर्षक से बीच में नेताजी सुभाष चन्द्र बोस दाएं महाराणा प्रताप, बताएं वीर शिवाजी महाराज की त्रिमूर्ति को जीवंत किया है. नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के व्यक्ति चित्र ,तुम मुझे खून दो मैं तुम्हें आजादी दुंगा का नारा बुलंद करते नेताजी, अनुशासन प्रिय नेताजी का चरित्र, जेल से अपने साथियों को पत्र लिखते नेताजी, आजादी के लिए संघर्ष करते नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के चित्र कलाकारों की बेजोड़ प्रस्तुति को व्यक्त करते हैं.
माध्यम
जल,तैल,पेसिंल, पेस्टल, चारकोल,कोलाज, स्याही ,कम्प्यूटर ग्राफिक रचनाएँ प्रदर्शित की गई हैं .
अंतिम तिथि
यह आयोजन दर्शकों के अवलोकनार्थ निशुल्क 24 जनवरी को संध्या 5 बजे से 07बजे तक खुली रहेगी.
देश के कलाकार
इस कला प्रदर्शनी में देश के विभिन्न। प्रदेशों से वरिष्ठ चित्रकार, महिला कलाकारों, बाल एवं युवा रचनाकारों ने भाग लिया है. मुंबई से मनिष महानंद, निकहत फातिमा बेगम की रचनाएँ, अहमदाबाद से माईनक भट्टाचार्य एवं अजय तिवारी की रचना,लखनऊ से धनंजय पवांर ,परभणी से प्रतिक्षा परगनिया की रचनाएँ, भिलाई दुर्ग से अर्पित सिंह,कलकत्ता से रीता घोष, नागपुर से अथर्व टोल, चंद्र कांत साहू,शुभ अग्रवाल, उमेश चोपकर, क्षितिज तोलानी, विशाखापट्टनम से पार्थ राय सागर ,बिलासपुर से रसीद खान,तनिषा अग्रवाल, राधीका द्विवेदी, ओजस्वी मालु, सार्थ राय सागर, साक्षी आकुला,आदि कलाकारों की रचनाएँ प्रदर्शित की गई हैं.
