36 घंटे में भी एसटीआरएफ और एनडीआरएफ की टीम को नहीं मिले लापता मजदूर

बेमेतरा। बीते शनिवार सुबह ग्राम पिरदा स्पेशल ब्लास्ट प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री में हुए बारूद ब्लास्ट घटना में लापता हुए मजदूरों का 36 घंटे के बाद भी कुछ भी पता नहीं चल पाया है। रविवार को सुबह लगभग 9:00 बजे 8 जेसीबी मशीन एवं 2 चैन माउंट मशीन के माध्यम से घटनास्थल में बिखरे पड़े मलमा को हटाने का काम शुरू हुआ मौके पर लापता हुए मजदूर के कुछ परिजन भी घटना स्थल से कुछ दूरी पर फैक्ट्री में मौजूद थे हादसे के शिकार हुए मजदूर नरहर यदु के परिजन मनहरण यदु जानकारी देते हुए बताया कि गुने चुने तीन चार कुछ मानव अंग ही मिले हैं इसके बाद कुछ भी जानकारी नहीं मिल पाया है। घटनास्थल से कुछ दूरी पर अन्य लापता हुए मजदूर के परिजन जिसमें जागेंद्र साहू, मुन्नालाल देवदास, हीरालाल देवदास एवं जितेंद्र कुमार ग्राम पीरदा मौजूद रहे इधर एस टीआरएफ एवं एनडीआरएफ की टीम भी घटनास्थल पर है रविवार सुबह जबलपुर से फौजी के टेक्निकल डिपार्टमेंट के पांच अधिकारी भी रविवार सुबह करीब 5:30 बजे पहुंच चुके थे। हॉट से आए तकनीकी अधिकारी घटनास्थल का मुआयना कर जांच पड़ताल में लगे रहे फैक्ट्री के अंदर हुई घटना के संबंध में इन्वेस्टिंग जांच पड़ताल में लग रहे। मनहरण यदु ने बताया कि रविवार की खुदाई से लापता हुए मजदूरों के संबंध में कोई सही जानकारी नहीं मिल पाई और अब आगे भी खुदाई की संभावना कम ही है
इधर घटनास्थल में फैले बारूद को देखते हुए एतिहात बरतते हुए पुलिस एवं जिला प्रशासन भी पास अंकित है लगातार ब्लास्ट हुए स्थल पर पानी डाला जा रहा है ताकि गुना किसी अनहोनी की घटना ना हो सके।

मुख्य गेट में ग्रामीण और परिजनों का पंडाल लगाकर धरना प्रदर्शन 

शनिवार शाम को आसपास के ग्रामीण और पीड़ित परिजन फैक्ट्री के मुख्य गेट में पंडाल लगाकर धरना प्रदर्शन में बैठ गए रविवार को सुबह से ही भारी संख्या में ग्रामीण मलमा हटाने और खुदाई से लापता हुए मजदूरों के 100 बराबर धोने की उम्मीद लेकर ग्रामीण फैक्ट्री के मुख्य गेट पर डटे रहे सुरक्षा के लिए हाथ से भारी संख्या में पुलिस बल भी तैनात था रविवार को दिनभर ग्रामीण शासन प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते रहे और जल्द से जल्द लापता मजदूरों को खोजने की मांग करते रहे।
धरना प्रदर्शन में फैक्ट्री के आसपास के ग्राम पिरदा बोरसी एवं भीमभवरी तथा गब्दा के ग्रामीण और परिजन शामिल है। धरना प्रदर्शन में मौजूद बड़ी संख्या में महिलाओ के साथ ग्रामीण धरना प्रदर्शन में शामिल हुए हैं मुआवजे की मांग करते हुए लापता मजदूरों को शीघ्र ढूंढने की मांग कर रहे हैं। धरना स्थल पर प्रदर्शनकारी भोजन भी तैयार कर रहे हैं और जब तक लापता मजदूरों की शव नहीं मिल जाता तब तक परिजन और ग्रामीण डटे रहने का ऐलान किया है

पानी और भोजन के लिए तरस रहे हैं पुलिस कर्मचारी

बारूद ब्लास्ट के बाद सुरक्षा ड्यूटी में फैक्ट्री के चारों तरफ फैले पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पानी और खाने के समान के लिए तरस रहे हैं बड़ी संख्या में महिला पुलिस अधिकारी और आरक्षक भी ड्यूटी में तैनात है ग्रामीणों से बताया कि बारूद फैक्ट्री के भीतर और आसपास के क्षेत्र में खारा पानी होने के कारण पानी की सप्लाई फैक्ट्री में ग्राम बोरसी से ही किया जाता था जो की फैक्ट्री से लगभग डेढ़ से 2 किलोमीटर की दूरी पर है आसपास अन्य और कोई साधन नहीं है फैक्ट्री से करीब ढाई किलोमीटर दूरी पर पिरदा चौक है जहां से खाने पीने की सामान लेने आना-जाना करना पड़ रहा है।

बाल बाल बच्चे ग्रामीणों और परिजन की नाराजगी से विधायक साहू

विधायक दीपेश साहू फैक्ट्री में अवलोकन कर कार से वापस बेमेतरा जाने की कोशिश करते समय मुख्य गेट के सामने पंडाल लगाकर धरना प्रदर्शन कर रहे अक्रोशित ग्रामीण और लापता मजदूरों के परिजन विधायक साहू को प्रदर्शन स्थल पर रोक कर श्री साहू ग्रामीणों को मुवाजा और ग्रामीणों के लिए सरकार के द्वारा किए जा रहे प्रयास के संबंध में आश्वासन देकर वापस अपने कार के पास बेमेतरा जाने पहुंच गए थे की अचानक ग्रामीण और परिजन अक्रोशित होकर विधायक श्री साहू को रोकने लगे और नारे बाजी करने लगे और भारी भीड़ से घिर गए इस बात की जानकारी पुलिस को हुई तो पुलिस जवान सहित सड़क किनारे पहुंच कर डी एस पी श्री झा एवम अधिकारी विधायक को फैक्ट्री के छोटे गेट से अंदर सुरक्षित भेजे गए इस दौरान धरना प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों से फिर कुछ देरी बाद विधायक साहू पंडाल में आकर कहा कि मैं यहीं रहूंगा तो आगे की व्यवस्था मुआवाजा की राशि तथा घायलों के स्वास्थ्य संबंधी काम करने हैं इसलिए मुझे जाने दिया जाए पुलिस अधिकारियों की सुरक्षा के साथ विधायक श्री साहू फिर सीधे पंडाल से अपनी कार की तरफ बढ़ गए और बेमेतरा के लिए रवाना हो गए।फैक्ट्री के मुख्य गेट के सामने धरना प्रदर्शन कर रहे ग्रामीण एवं परिजनों का कहना था की घटना के दिवस विधायक क्यों नहीं पहुंचे इस बात की नाराजगी ग्रामीण व्यक्त कर रहे थे।

परिजनों का दावा मलमा से कुछ नहीं मिला

रविवार को लापता हुए मजदूरों को ढूंढने लगाए गए 8 जेसीबी मशीन से मिट्टी हटाई गई जिसमें घटनास्थल पर मौजूद रहे लापता मजदूर के परिजन मनहरन यदु ,जागेंद्र साहू, मुन्नालाल देवदास, हीरालाल देवदास एवं जितेंद्र कुमार ग्राम पिरदा ने बताया कि किसी भी प्रकार का पहचान हो सके ऐसा कोई मानव अंग रविवार को प्राप्त नहीं हुआ है उन्होंने बताया कि अब आने वाले दिन में पुनः खुदाई होगी कि नहीं होगी इस संबंध में प्रशासन के द्वारा उन्हें किसी भी प्रकार की जानकारी नहीं दी जा रही है।