भाजपा सरकार द्वारा लागू 58% आरक्षण से सुप्रीम कोर्ट द्वारा स्टे हटना भाजपा की जीत: राजवाड़े 

 

0 सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भाजपा ने स्वागत किया और संघर्षों की जीत बताया

0 मृत्युंजय चतुर्वेदी द्वारा

मनेंद्रगढ़। भारतीय जनता पार्टी द्वारा एक प्रेस वार्ता का आयोजन एमसीबी जिला कार्यालय मनेंद्रगढ़ में संपन्न की गई ।जिसमें भाजपा के पूर्व श्रम मंत्री भैया लाल राजवाड़े ,पूर्व संसदीय सचिव चंपा देवी पावले ,एमसीबी जिलाध्यक्ष अनिल केसरवानी ,विजय राणा ,मीडिया प्रभारी संजय गुप्ता, कार्यकर्ता उपस्थित रहे ।
पत्रकारों को संबोधित करते हुए पूर्व श्रम मंत्री भैयालाल राजवाड़े ने कहां की आज आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत को हम भाजपा के संघर्षों की जीत कहेंगे ।उन्होंने आगे कहा कि आरक्षण पर माननीय सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हम अभिनंदन करते हैं इस फैसले से न केवल प्रदेश की तत्कालीन भाजपा सरकार के 58% आरक्षण का फैसला सही साबित हुआ है बल्कि कांग्रेश जिस तरह इस मामले में दोहरी राजनीति करती आ रही है उसका पर्दाफाश भी हुआ है । भाजपा शासनकाल में लागू आदिवासियों के 32% आरक्षण पर कांग्रेसियों द्वारा षड्यंत्र कर हाईकोर्ट में पदमा मनहर एवं केपी खांडे के द्वारा याचिका लगवा कर अपात्र घोषित किए गए आरक्षण संशोधन अधिनियम 2012 को सुप्रीम कोर्ट ने स्टे दे दिया है । यह भाजपा की वैचारिक जीत है अब मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को यह समझ लेना चाहिए कि वह संविधान के ऊपर नहीं है उन्होंने आगे कहा है कांग्रेस नेता पदमा मनहर और केपी खाडे ,हाई कोर्ट जाकर जो स्टे लगाया था ।उसके एवज में उन्हें कांग्रेस सरकार में पुरस्कार के तौर पर आयोग का अध्यक्ष बना दिया । वही कुणाल शुक्ला को कबीर शोध पीठ का अध्यक्ष बनाया ऐसा दोहरा चरित्र केवल कांग्रेस का ही ,हो सकता है ।आरक्षण के मामले में जब हाईकोर्ट में मामला था, तब भी कांग्रेस ने जानबूझकर केस को कमजोर किया। और कोर्ट में अपना पक्ष सही नहीं रखा । जिसके कारण व हाई कोर्ट में मुकदमा हार गई ।इस तरह कांग्रेस ने लगातार वंचित वर्गों से छल किया है ।श्री राजवाड़े ने आगे कहां की कांग्रेस हमेशा से न केवल आरक्षण के खिलाफ रही है ,बल्कि वह इस पर केवल राजनीति करती रही है। केंद्र में गैर कांग्रेसी भाजपा समर्थित वीपी सिह की सरकार ही पिछड़ों को नौकरियों में आरक्षण का प्रावधान मंडल आयोग के रूप में लेकर आई थी । भाजपा के समर्थन से ही संयुक्त मोर्चा की सरकार ने सबसे पहले शासकीय नौकरियों में पिछड़ों के आरक्षण का प्रावधान किया। उस समय कांग्रेस विपक्ष में थी जाहिर है कांग्रेश तब भी आरक्षण की विरोध मैं ही थी। पत्रकार वार्ता में उपस्थित पूर्व संसदीय सचिव चंपा देवी पावले ने वार्ता के दौरान पत्रकारों से कहा है की भाजपा का यह स्पष्ट मानना है कि जानबूझकर कांग्रेस सरकार आरक्षण का मुकदमा हारना चाहती थी । ताकि एक भी नौकरी न दे पाने की अपनी विफलता पर वह पर्दा डाल सके । माननीय सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से कांग्रेस का नकाब उतर गया है ।उसका असली चेहरा एक बार फिर जनता के बीच आया है ।अब भाजपा मांग करती है कि ऐसे सभी बहानेबाजी को छोड़कर कांग्रेस सरकार जल्द से जल्द सभी खाली पदों पर पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ आरक्षण रोस्टर का पालन करते हुए भर्तियां शुरू करें । युवाओं के भविष्य से संबंधित ऐसे महत्वपूर्ण विषय पर किसी भी तरह की हिल हवाला भाजपा बर्दाश्त नहीं करेगी ।प्रदेश के युवा भी अब इसे सहन नहीं कर सकेंगे।
भाजपा ने छत्तीसगढ़ में 58% आरक्षण लागू किया ।और कांग्रेस ने उसे छीना फिर भाजपा ने पुनः संघर्ष कर सरकार के खिलाफ चक्का जाम ,धरना और हर संभव प्रयास करके आरक्षण लागू करवाया है ,और छत्तीसगढ़ के लोगों को आरक्षण मिलता रहे । भाजपा इसके लिए प्रतिबद्ध है। माननीय सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भाजपा पून: स्वागत करती है और सभी भाजपा कार्यकर्ताओं पदाधिकारियों जनमानस को बधाई देती है ।