रायपुर/ मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज यहां न्यू-सर्किट हाउस में दो-दिवसीय कलेक्टर-एसपी कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि जिला प्रशासन और पुलिस-प्रशासन अच्छा काम कर रहें है, इसमें कोई दो राय नहीं है, लेकिन कई जगह सुधार की भी आवश्यकता है। प्रशासन और पुलिस के बीच बेहतर समन्वय होना चाहिए। प्रदेश में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी अधिकारी सजग रहकर कार्य करें। पुलिस अपने सूचना तंत्र को मजबूत बनाए। कई घटनाओं को पुलिस ने कम समय में ही सुलझाया है इससे राज्य की अच्छी छवि बनी है। उन्होंने कहा कि चाकूबाजी, सट्टे बाजी, अवैध शराब, ऑनलाईन गैम्बलिंग पर कड़ाई से अंकुश लगाने की जरूरत है। बेसिक पुलिसिंग पर ज्यादा फोकस होना चाहिए। सोशल मीडिया में अफवाहों का तत्काल जवाब आना चाहिए। मीडिया, जनप्रतिनिधि, जनता सभी से पुलिस और प्रशासन का लगातार संवाद बना रहे। चौक चौराहों पर पुलिस की उपस्थिति दिखनी चाहिए। साथ ही सड़क हादसे को रोकने के लिए ठोस और प्रभावी कदम उठाने की जरूरत है।
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के कलेक्टर और एसपी कॉन्फ्रेंस में प्रदेश में कानून और व्यवस्था की स्थिति, अवैध शराब, जुआ, सट्टा, चिटफंड कम्पनियों के विरूद्ध कार्रवाई, नक्सली इलाकों में सुरक्षा, विकास और आत्म समर्पित नक्सलियों के पुनर्वास, सड़क दुर्घटना रोकने के कार्याे की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन, पुलिस महानिदेशक श्री अशोक जुनेजा, मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव श्री सुब्रत साहू, प्रदेश के सभी संभागायुक्त, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, आईजी, कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक उपस्थित थे।
कॉन्फ्रेंस के दौरान पुलिस महानिदेशक ने बताया कि कानून व्यवस्था पर प्रभावी नियंत्रण हेतु पुलिस अधीक्षक, रायपुर श्री प्रशांत अग्रवाल, चिटफंड कम्पनियों एवं नशीले पदार्थों के खिलाफ कार्यवाही तथा सामुदायिक पुलिसिंग के कार्य हेतु तत्कालीन पुलिस अधीक्षक, राजनांदगांव श्री संतोष सिंह एवं नक्सल अभियान के दौरान प्रभावी नक्सल विरोधी अभियान हेतु पुलिस अधीक्षक, सुकमा श्री सुनील शर्मा के कार्यों की प्रशंसा करते हुए उन्हें उक्त क्षेत्र में श्रेष्ठ जिला के रूप में चिन्हित किया गया।
इसी तरह अपराध नियंत्रण, अपराधिक प्रकरणों के निराकरण, महिला, बच्चों एवं अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के व्यक्तियों का संरक्षण, थानोें से प्रदान की जाने वाली सेवाओं, दुर्घटनाओं पर नियंत्रण, सामुदायिक पुलिसिंग, नवाचार आदि बिन्दुओं पर प्रदेश के थानों की रैंकिंग की गई, जिसमें थाना कोतवाली, रायगढ़ को उत्कृष्ट शहरी थाना एवं थाना पाटन, जिला दुर्ग को उत्कृष्ट ग्रामीण थाना के रूप में चिन्हित किया गया। जबकि नक्सल विरोधी अभिमान में सर्वश्रेष्ठ कार्य हेतु थाना कोहकामेटा, जिला नारायणपुर को चिन्हित किया गया।
