भाटापारा। बीते कुछ दिनों से मौसम का प्रभाव बदला हुआ है रोजाना बारिश व धूप दोनों देखने को मिल रहे हैं धूप के बाद अचानक से बारिश हो जा रही है जिसके चलते सर्दी खांसी बुखार एवं उल्टी दस्त के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अस्पतालों में भी मरीजों की लंबी लाइन आसानी से देखी जा सकती है इस तरह के मौसम का बच्चों और बुजुर्गों पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है वैसे घर में यदि किसी एक मेंबर को भी तकलीफ आ जाती है तो उससे प्रभावित तीन चार मेंबर हो जाते है इसलिए घर में भी जिन को तकलीफ होती है उन्हें पहरेज से रहना चाहिए ऐसा नहीं है कि इससे युवा लोग बीमार नहीं पढ़ रहे हैं युवाओं की संख्या भी अच्छी खासी दिखाई पड़ रही है अस्पतालों के भीड़ बता रही है कि मौसमी बीमारी का असर काफी ज्यादा फैला हुआ है लोग लगातार अस्पतालों के चक्कर लगा रहे हैं तो कुछ लोग बिना डॉक्टरों के परामर्श लिए सीधे मेडिकल से ही दवाई लेकर खा रहे हैं। क्योंकि वर्तमान में कोरोनावायरस संक्रमण का प्रभाव चल रहा है इसलिए लोगों को थोड़ा भय भी है परंतु वर्तमान में ऐसी कोई बात ज्यादा दिखाई नहीं पड़ रही है यह विशुद्ध रूप से वायरल बताया जा रहा है। चार-पांच दिन की दवा में यदि लोग ठीक नहीं हो पा रहे हैं तो उन्हें करो ना जांच कराए जाने की सलाह भी दी जा रही है। चिकित्सकों के अनुसार अभी बहुत ज्यादा कोरोनावायरस का प्रभाव देखने को नहीं मिल रहा है फिर भी सावधानी अति आवश्यक है हर व्यक्ति को मास्क जरूर लगाना चाहिए।
वर्जन
वर्तमान में मौसमी बीमारी का दौर चल रहा है ज्यादातर लोगों में वायरल फीवर की शिकायतें सामने आ रही है। फिर भी जरूरी लोगों को कोरोना टेस्ट कराने की सलाह दी जाती है। क्योंकि अभी करो ना गया नहीं है इसलिए लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता है और अनिवार्य रूप से सभी लोग मास्क का प्रयोग करें तो यह सब के लिए अच्छा रहेगा।
डॉ विकास आडिल
शल्य चिकित्सक भाटापारा
मौसमी बीमारी : मरीजों की संख्या बढ़ रही
