भाटापारा । पेट्रोल डीजल के दाम पिछले कुछ दिनों से लगातार बढ़ रहे हैं अभी तक लगभग पेट्रोल और डीजल दोनों के दामों में अच्छी खासी वृद्धि हो चुकी है इससे जनता के बीच जबरदस्त आक्रोश फैला हुआ है। पेट्रोल और डीजल के दाम में लगातार बढ़ोतरी हो रही है और पेट्रोल तथा डीजल के भाव में मात्र 52 पैसे प्रति लीटर का अंतर रह गया है जबकि पहले पेट्रोल व डीजल की कीमत में ₹5 प्रति लीटर से भी अधिक का डिफरेंस रहा करता था। किंतु आज की स्थिति में अंतर नहीं के बराबर रह गया है। बुधवार को इस प्रतिनिधि ने एक पेट्रोल पंप में कुछ देर खड़े होकर पेट्रोल और डीजल भराने आ रही गाड़ी वालों से बात की तो लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और लोगों ने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण जैसी भयानक स्थिति के दौरान भी केंद्र की सरकार के द्वारा पेट्रोल डीजल के दामों में जो लगातार वृद्धि की जा रही है। यह जनता का शोषण है और इससे महंगाई और अधिक बढ़ेगी लोगों में सरकार के इस प्रकार के रवैये को लेकर जबरदस्त नाराजगी थी बातचीत के दौरान लोगों ने केंद्र की मोदी सरकार की जमकर आलोचना की कुछ ऐसे शब्दों का भी प्रयोग किया जिसका उल्लेख यहां पर नहीं किया जा सकता है ।इन लोगों ने कहा कि पेट्रोल और डीजल के दाम जिस प्रकार लगातार बढ़ रहे हैं उससे यह स्पष्ट हो रहा है कि केंद्र की सरकार कोरोनावायरस संक्रमण के नाम पर केवल जनता को धोखा देने में लगी हुई है एक तरफ सरकार राहत देने की बात कर रही है तो दूसरी तरफ पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ाकर जनता की जेबे काटने में लगी हुई है इस प्रकार की दोहरी चाल व मानसिकता से हमें काफी नाराजगी है पेट्रोल पंप पर आए रामकुमार ,सुरेश यादव अंशुल अग्रवाल दिनेश शर्मा , पवन, आशीष Sharma ने अपना गुस्सा जमकर केंद्र सरकार पर उतारा। उन लोगों का कहना यह भी था कि पूरे देश में इन दिनों डीजल और पेट्रोल की खपत पहले से कम हुई है क्योंकि गाड़ियां ही कम चल रही है तो डीजल पेट्रोल कहां से खपत होगा इसके बावजूद सरकार प्रतिदिन चुपके चुपके दर बढ़ाने में लगी हुई है जो आम जनता के साथ पूरी तरह से अन्याय है ट्रैक्टर में डीजल भरवाने आए किसान फिर तू राम ने कहा कि सरकार के समझ में यह नहीं आता है कि डीजल के दामों में वृद्धि होने से इसकी मार किसानों पर भी और आम जनता पर भी पड़ेगी इससे महंगाई बढ़ेगी यहां यह बता दें कि पहले अनेकों बार डीजल पेट्रोल के दाम बढ़ते रहे हैं और घटते भी रहे हैं किंतु इस प्रकार का गुस्सा लोगों के मन में पहले कम ही देखने को मिला था जो बुधवार को देखने को मिला।
पेट्रोल और डीजल के दाम करीब करीब हुए बराबर
बुधवार को पेट्रोल और डीजल के दाम करीब करीब बराबरी पर पहुंच गए हैं जबकि हमेशा पेट्रोल से डीजल चार से छै रुपए लीटर कम ही रहता था किंतु बुधवार को पेट्रोल और डीजल के भाव में केवल पैसों का ही अंतर रह गया है। दोनों के भाव में 52 पैसे प्रति लीटर का ही अंतर रह गया जो अपने आप में एक रिकॉर्ड है इसके पूर्व पेट्रोल और डीजल के दाम कभी भी इतने ऊंचे नहीं पहुंचे थे।
भाव
पेट्रोल 92 रुपये 31 पैसा प्रति लीटर
डीजल 91 रुपये 79 पैसा प्रति लीटर
लोगों में हैं जमकर नाराजगी
बुधवार को पेट्रोल डीजल पंप पर कुछ देर खड़े होने के बाद लोगों से चर्चा होते रही तब लोगों ने खुलकर केंद्र सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए पेट्रोल और डीजल के बढ़ते दामों पर घनघोर नाराजगी व्यक्त की लोगों ने कहा कि देश की सरकार को क्या हो गया है यहअब समझ से परे है पूरे विश्व में पेट्रोल और डीजल के दाम इतने कहीं नहीं बड़े जितने भारत में बड़े हुए हैं जबकि कच्चे तेल का मूल्य बहुत कम हो गया है उसके बावजूद भारत में पेट्रोल और डीजल के दाम लगातार बढ़ रहे हैं यह अच्छे संकेत नहीं हैं।
गाड़ी भाड़ा बढा
पेट्रोल के साथ-साथ डीजल के दामों में भी वृद्धि होने से गाड़ी भाड़े में भी वृद्धि हो गई है शहर से लगे छोटे-छोटे गांव में छोटी-छोटी डीजल गाड़ियों में जो सामान भरकर जाता रहा है उन गाड़ियों के भाड़े भी बढ़ गए हैं वही बाहर से आने वाली सभी गाड़ियों और बाहर जाने वाली सभी बड़ी गाड़ियों के भाडो में भी वृद्धि हो गई है इससे महंगाई पर असर दिखने लगा है।
पेट्रोल डीजल को जीएसटी में शामिल करे सरकार
पेट्रोल डीजल के उपभोक्ताओं की मांग है कि सरकार पेट्रोल और डीजल को भी अन्य वस्तुओं की तरह जीएसटी में शामिल करें। किंतु सरकार अपने फायदे के चलते पेट्रोल और डीजल को जीएसटी से मुक्त रखी हुई है जो कि देश की जनता के साथ अन्याय है।
पेट्रोल-डीजल की बिक्री काफी घटी
लॉकडाउन के चलते पेट्रोल व डीजल की बिक्री काफी घट गई है चार पांच सौ लीटर बड़ी मुश्किल से पेट्रोल और डीजल की बिक्री हो पाती है। रेट बढ़ने का भी असर पड़ता दिख रहा है।
सुदीप शुक्ला
संचालक राधेश्याम फ्यूल्स भाटापारा
