मंत्रिपरिषद
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के अध्यक्षता म आज रायपुर म होय राज्य मंत्रिपरिषद के बइठका म कतकोन जरूरी निर्णय ले गीस। मंत्रिपरिषद ह चालू खरीफ विपणन बछर म प्रदेस के किसान मन ले पन्द्रह नवंबर ले धान खरीदी करे के निर्णय लेहे। ए समय म राज्य सरकार साढ़े सत्ताईस लाख ले जादा किसान मन ले इकतीस सौ रूपिया प्रति क्विंटल के दर ले जादा इक्कीस क्विंटल प्रति एकड़ के मान ले धान के खरीदी करही, जेन किसान मनके पंजीयन एग्रीस्टेक पोर्टल म पहिली ले हे उहां धान बेचे बर अलग ले पंजीयन कराना जरूरी नइ होही। उहें, मंत्रिपरिशद ह ‘‘कृशक उन्नति योजना‘‘ के संसोधन संबंधी कृशि विकास अउ किसान कल्याण के संग जैव प्रौद्योगिकी विभाग के प्रस्ताव के अनुमोदन करे हे।
एक आने निर्णय म मंत्रिपरिशद ह मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत जन अभियान योजना म अवइया घरेलू विद्युत उपभोक्ता मन ल दू सौ यूनिट तक बिजली बिल म दे जावत छूट ल चालू राखे के निर्णय लेहे। ए योजना के लाभ ले बर चार सौ यूनिट तक मासिक विद्युत खपत के पात्रता समय ल बढ़ाके अवइया बछर इकतीस मार्च तक कर दे गेहे।
मंत्रिपरिषद ह राज्य के सासकीय अउ उंखर परिजन मन बर कैषलेस चिकित्सा सुविधा लागू करे के प्रस्ताव ल मंजूरी दे देहे। नवा व्यवस्था के तहत ओमन ल सूचीबद्ध अस्पताल म कैषलेस उपचार के सुविध मिलही।
उहें, प्रदेस म पर्यटन ल बढ़ावा दे बर ‘‘मुख्यमंत्री पर्यटन विकास मिषन ल मंजूरी दे गेहे। एखर बर लगभग पांच सौ करोड़ रूपिया के प्रावधान करे गेहे।
मंत्रिपरिषद ह रायपुर जिला के नगर पंचायत कूंरा के नाव बदल के कुंवरगढ़ करे के प्रस्ताव ल स्वीकृति देहे। उहें, दू सौ पंचानवे किलोमीटर लंबा कटघोरा-तखतपुर-मुंगेली- कवर्धा-खैरागढ़- डोंगरगढ़ रेल परियोजना ल चलाय बर षत-प्रतिषत इक्विटी निवेस छत्तीसगढ़ रेलवे कॉर्पोरेषन लिमिटेड के जरिया ले करे जाय के प्रस्ताव ल घलो मंजूरी देहे।
चक्रवात अर्बन
बंगाल के खाड़ी म चक्रवात अर्नब जादा गंभीर तूफान म बदल गेहे। आज मंझनिया तक अउ जादा बाढ़के गंभीर तूफान म बदले के आसंका हे।
रेल मंत्री अष्विनी वैश्णव ह चक्रवात अर्नब के काली तट ले टकराय के संभावना ल देखत हुए एखर ले निपटे के तैयारी के समीक्षा करीन। सोषल मीडिया पोस्ट म श्री वैश्णव ह बतईन कि विजयवाड़ा अउ विषाखापट्टनम रेलवे डिवीजन म सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू कर दे गेहे अउ जरूरत के अनुसार तुरते उपाय तैयार राखे गेहे। ओमन ह कहिन कि जोनल, डिवीजनल अउ बोर्ड स्तर म वॉर रूम सक्रिय हे अउ चौबीस घंटा निगरानी करे जात हे। श्री वैश्णव ह कहिन कि यात्री मनके सुरक्षा उंखर पहिली प्राथमिकता हे अउ लगभग छह सौ किलोमीटर लंबा रेल ट्रैक म नजर राखे जावत हे।
इही बीच, केन्द्रीय गृह मंत्रालय ह चक्रवात अर्नब ल देखत हुए सबो संबंधित राज्य सरकार ल स्थिति म लगातार नजर राखे अउ जरूरी कदम उठाय के निरदेस देहे। मंत्रालय ह जारी परामर्ष म तटीय इलाका म रहवइया लोगन मन ल सुरक्षित जघा म पहुंचाय अउ मछली पकड़े के गतिविधि ल पूरा तरीका ले रोके के सुझाव देहे। मंत्रालय ह पष्चिम बंगाल, ओड़िषा, आंधप्रदेष, तमिलनाडु, पुद्दुचेरी, तेलंगाना, सिक्किम, झारखंड, बिहार, छत्तीसगढ़, उत्तरप्रदेष, मध्यप्रदेष अउ अंडमान निकोबार के मुख्य सचिव मन ल परामर्ष जारी करे हे। मंत्रालय ह राज्य ले ए संबंध म कोनों भी घटनाक्रम के जानकारी आपातकालीन नियंत्रण कक्ष ल दे बर कहे हे। एखर बर षून्य एक एक – दू तीन चार तीन आठ दू पांच दू जारी करे गेहे।
ऐति, चक्रवाती तूफान अर्नब के असर ले छत्तीसगढ़ म उनतीस अक्टूबर तक जादा ले जादा बरसा होय के आसंका हे। मौसम विभाग ह अट्ठाईस अक्टूबर के दंतेवाड़ा, सुकमा अउ बीजापुर म रेड अलर्ट जारी करे हे। रायपुर, दुर्ग, धमतरी, बालोद, मोहला-मानपुर अउ कांकेर जिला बर आरेंज अलर्ट जारी करे गेहे। ए जिला मन म काली गरज-चमक के संग बरसा होय अउ अंधड़ चले के असार हे। उहें, उनतीस अक्टूबर के गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही, बिलासपुर, मुंगेली अउ कबीरधाम म रेड अलर्ट रइही। ए दउरान कतकोन जिला म गरज-चमक के संग बिजली गिरे अउ चालीस ले पचास किलोमीटर प्रतिघंटा के रफ्तार ले तेज हवा चले के आसंका हे।
चक्रवाती तूफान अर्नब ल देखत हुए छत्तीसगढ़ के आने-आने जिला म आपदा प्रबंधन के तियारी पूरा कर ले गेहे। कोनों भी आपात स्थिति ले निपटे बर प्रसासन डहार ले बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित करे गेहे। बस्तर जिला प्रसासन डहार ले इंद्रावती, मार्कण्डी अउ नारंगी नदी के तटीय अउ निचला इलाका म स्थित कतकोन गांव ल अतिसंवेदनषील मानत हुए बिसेस निगरानी म राखे गेहे। उहें, बाढ़ संभावित प्रभावित इलाका म मुनादी करा के गांव के मनखे मन ल सतर्क रेहे अउ कोनों भी जरूरी स्थिति म सुरक्षित जघा म लाय बर जागरूक करे जात हे।
बस्तर दशहरा-संपन्न
पचहत्तर दिन चलइया विष्व प्रसिद्ध बस्तर दषहरा आज माता मावली के डोली अउ मां दंतेष्वरी के छत्र के ससम्मान विदाई के संग पूरा होइस। एखर बाद जवान मन ह हर्श फायरिंग करके माता ल सलामी दीन। परंपरा के अनुसार बस्तर राजपरिवार के सदस्य कमलचंद्र भंजदेव अउ श्रद्धालु मन ह माता के करीब बीस किलो वनज के डोली ल कंधा म उठाके जिया डेरा तक पहुंचईन, जेखर बाद डोली अउ छत्र ल दंतेवाड़ा बर बिदा करे गीस।
आवास मंत्री-कार्यशाला
आवास मंत्री ओपी चौधरी ह कहिन कि छत्तीसगढ़ गृह निर्माण अउ अधोसरंचना विकास मंडल अवइया बछर म प्रदेस के आर्थिक अउ अधोसंरचनात्मक विकास के प्रमुख इंजन बनही। श्री चौधरी ह आज नवा रायपुर म छत्तीसगढ़ गृह निर्माण अउ अधोसंरचना विकास मंडल डहार ले होवइया राज्य स्तरीय तकनीकी प्रषिक्षण कार्यषाला ल संबोधित करत हुए ए बात कहिन। ओमन ह कहिन कि हाउसिंग बोर्ड ल केवल आवास निर्माण तक सीमित नइ राखे जाही, बल्कि सड़क, पुल, खेल अधोसंरचना, सार्वजनिक भवन, टाउन प्लानिंग अउ सहरी पुनर्विकास जइसन जरूरी परियोजना म घलो एखर भागीदारी बढ़ाय जाही। श्री चौधरी ह बतईन कि राज्य सरकार ह वित्त विभाग के सहयोग ले लगभग सात सौ करोड़ रूपिया के रूके ऋण देनदारी खतम करे के निर्णय लेहे।
बस्तर ओलंपिक-जागरूकता अभियान
बस्तर ओलंपिक थ्री प्वाइंट ओ म जादा ले जादा युवा मनके भागीदारी सुनिष्चित करे बर काली अट्ठाईस अक्टूबर के बस्तर जिला के सबो विकासखंड मुख्यालय म जन-जागरूकता अभियान चलाय जाही। ए अभियान बिहनिया साढ़े छह बजे जगदलपुर के इंदिरा प्रियदर्षनी स्टेडियम के संग सबो विकासखंड मुख्यालय मय एके संघरा आयोजित होही। अभियान के दउरान फुटबॉल, वॉलीबॉल, हॉकी, कबड्डी, खो-खो, बैडमिंटन, कराते अउ एथलेटिक्स समेत आने-आने खेल के प्रदर्सन करे जाही। बस्तर ओलंपिक म भाग ले बर इच्छुक खिलाड़ी तीस अक्टूबर तक पंजीयन करा सकत हे।
रेरा-भुगतान आदेश
छत्तीसगढ़ भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण-रेरा ह रायपुर जिला के सेजबहार स्थित एक निजी परियोजना के विकास काम अधूरा रेहे के मामला म प्रमोटर ल छह लाख सत्यासी हजार रूपिया ले जादा के रासि हितग्राही मन ल देके निरदेस दीन हे। एखर अलावा परियोजना के पूरा होय के प्रमाण पत्र पाय तक हर महीना सात हजार रूपिया ब्याज देके घलो आदेष दीन। प्राधिकरण ह प्रकरण के सुनवाई म पईन कि संबंधित परियोजना म स्वीकृत ले-आउट के अनुरूप विकास काम पूरा नइ करे गेहे। संगेसंग सक्षम प्राधिकारी ले परियोजना के पूरा होय के प्रमाण पत्र घलो पाय नइ गेहे।
