

रायपुर। व्याख्याता के पद पर पिछले 10 वर्षों से पदोन्नति नहीं हो पाया है। शालेय शिक्षक प्रधानपाठक संघ के प्रांताध्यक्ष मनोज साहू एवं महामंत्री सुरेश वर्मा ने बताया है कि पिछले 7 वर्षों से केवल वरिष्ठता सूची बनाने का ही काम चल रहा है, लेकिन व्याख्याता पद पर पदोन्नति नहीं हो पाया है। वर्ष 2022 में व्याख्याता पद पर पदोन्नति हेतु DPC हुआ था लेकिन उच्च अधिकारियों को निचले स्तर के अधिकारियों द्वारा DPC नहीं होने के संबंध में गुमराह किया गया। पिछले विधानसभा सत्र में तत्कालीन शिक्षामंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने पदोन्नति की कार्यवाही एक वर्ष में पूरा करने का आश्वासन दिया था, जिस पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह ने पदोन्नति की कार्यवाही को 6 माह में पूर्ण करने की बात कही थी। सरकार के एक वर्ष बीत जाने के बाद भी व्याख्याता पदोन्नति की कार्यवाही अभी भी सुस्त गति से चल रही है। उपसंचालक लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा सभी संभागीय संयुक्त संचालक से 10 जनवरी तक पदोन्नति प्रस्ताव DPI मंगाया था, लेकिन प्रस्ताव आज तक DPI नहीं पहुंच पाया है, जिससे शिक्षकों में रोष ब्याप्त है। बहुत से शिक्षक बिना पदोन्नति के सेवानिवृत्त हो रहे हैं।
संघ के प्रांताध्यक्ष मनोज साहू, शिव वर्मा, प्रभात यादव, मनहरण वर्मा, रविकांत पटेल, संजय वर्मा, ईश्वरी शर्मा, दिनेश वर्मा, नरेंद्र वर्मा,श्रीमती सविता वर्मा,इंदु महंत मानिकपुरी,प्रतिमा अवस्थी ने कहा है कि इस संबंध में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और संचालक लोक शिक्षण संचालनालय दिव्या मिश्रा से मिलकर व्याख्याता पद पर शीघ्र पदोन्नति के लिए चर्चा करेंगे।
