भाटापारा। रायपुर लोकसभा के सांसद सुनील सोनी के रेलवे अधिकारियों को डेडलाइन दिए जाने के बावजूद अभी तक भाटापारा रेलवे स्टेशन में कोच डिस्प्ले प्रारंभ नहीं हो सका है जिससे यात्रियों में भारी नाराजगी है लगभग 2 साल से भी अधिक समय से इलेक्ट्रॉनिक कोच डिस्पले खराब पड़ा हुआ है । बता दें कि भाटापारा रेलवे स्टेशन में लिफ्ट के उद्घाटन समारोह में शामिल होने आए सांसद सुनील सोनी ने कार्यक्रम में रेलवे के अधिकारियों को 26 जनवरी के पहले कोच र्डिस्प्ले चालू करने का निर्देश दिया था जो कि अभी तक चालू नहीं हो सका है और सूत्रों की माने तो अभी इसमें 2 से 3 माह के समय और लग सकता है। रायपुर रेल डिवीजन में सर्वाधिक आय देने वाले भाटापारा स्टेशन को रेलवे की वांछित सुविधाएं नहीं मिल पा रही है घोर उपेक्षा का शिकार भाटापारा रेलवे स्टेशन अनेक समस्याओं को लेकर आज भी ग्रसित है। कोच डिस्प्ले के अभाव में प्रतिदिन यात्रियों को भारी परेशानियों से गुजरना पड़ रहा है और यात्रियों में ट्रेन आने के समय भगदड़ की स्थिति बन जाती है ऐसी ही स्थिति मंगलवार को बेतवा एक्सप्रेस में देखने को मिली जिसमें सैकड़ों की संख्या में यात्री ट्रेन में चढ़ने से रह गए थे बाद में ट्रेन को लोगों ने पुलिंग करके रोका तब कहीं जाकर यात्री उस ट्रेन में चड पाए। यह बात पूरी तरीके से समझ से परे है कि आखिर क्यों चालू नहीं हो पा रहा है कोच डिस्प्ले बोर्ड। जबकि अनेकों बार समाचार पत्रों के माध्यम से और ऐसे भी नागरिकों पत्रकारों के द्वारा अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया जा चुका है परंतु ऐसा लगता है कि भाटापारा स्टेशन अधिकारियों की नजरों में कोई महत्व नहीं रखता है या फिर यूं कहें कि रेलवे के अधिकारी भाटापारा में किसी बड़े रेल आंदोलन का इंतजार कर रहे हैं। भाटापारा रेलवे स्टेशन में सुबह से लेकर रात तक के ट्रेनों का आना जाना लगा रहता है किंतु कोच डिस्प्ले के अभाव में यात्रियों को आगे से पीछे और पीछे से आगे की ओर भागना दौड़ना पड़ता है जिससे उनकी ट्रेनें भी छूट जाती है और यात्रियों को बहुत ही परेशानियों से गुजरना पड़ता है और हमेशा ही दुर्घटना की आशंका बनी रहती है तथा छोटी मोटी दुर्घटना तो होते भी रहती है। इलेक्ट्रॉनिक कोच डिस्प्ले 2 वर्षों से भी अधिक समय से बंद पड़ा हुआ है बार-बार जनप्रतिनिधियों का ध्यान दिलाने के बावजूद यह कार्य नहीं हो पा रहा है हर बार रेलवे के अधिकारी कोई न कोई समस्या इस मामले को लेकर बता देते हैं अभी खबर मिल रही है कि जिस ठेकेदार को उसका टेंडर दिया गया था वह काम नहीं कर पा रहा है इस मामले में ठेकेदार कौन है इसकी जानकारी नहीं होने की वजह से ठेकेदार का बयान नहीं लिया जा सका है। खैर यात्रियों को इन सब बातों से कोई लेना-देना नहीं है उनकी मांग तो बस इतनी सी है कि एन केन प्रकारेण कोच डिस्प्ले प्रारंभ हो जाए ताकि यात्रियों को परेशानियों से मुक्ति मिल सके इधर नागरिकों ने और यात्रियों ने विधायक शिवरतन शर्मा से भी या मांग की है कि इस मामले में रुचि लेते हुए यथाशीघ्र कोच डिस्प्ले प्रारंभ करवाएं।
