ये नए मिजा़ज का शहर है ,ज़रा फासले से मिला करो
रायपुर / यूं ही बे -सबब न फिरा करो, कोई शाम घर पे रहा करो। ये नए मिजा़ज का शहर है ,ज़रा फासले से मिला...
रायपुर / यूं ही बे -सबब न फिरा करो, कोई शाम घर पे रहा करो। ये नए मिजा़ज का शहर है ,ज़रा फासले से मिला...