प्यार और विश्वास के आगे हार गई नक्सल हिंसा: जहां कभी बन्दूकें गूंजती थी, अब वहां गूंज रही शहनाई
*मुख्यमंत्री की मौजूदगी में आत्मसमर्पित नक्सलियों ने की गृहस्थ जीवन की शुरूआत* *मुख्यमंत्री साय ने परिणय सूत्र में आबद्ध महेश-हेमला और मड़कम-रव्वा को दिया आशीर्वाद*...
